CURATED BY – ASHWINI WALIA | CITYCHIEFNEWS

योग, कर्मसु कौशलम् अर्थात् कर्मों में कुशलता ही योग है। हमारे सभी वेद, पुराण, शास्त्र, उपनिषद योग को मानव जीवन के लिए अति महत्वपूर्ण मानते हैं। संपूर्ण विश्व ने भी योग के महत्व को मान्यता प्रदान करते हुए 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी कहा है कि यह योग का युग है युद्ध का नहीं। आज विश्व में जो युद्ध की परिस्थितियां बन रही हैं वो योग की शरण में जाने से शांति में बदल जाएंगी क्योंकि योग स्व से शक्ति को जानने का मुख्य मार्ग है।

हरियाणा सरकार ने मुख्यमंत्री नायब सैनी के नेतृत्व में

धर्मक्षेत्र-कुरुक्षेत्र में भव्य स्तर  पर राज्य स्तरीय योग दिवस का आयोजन किया है। इस आयोजन की सफलता के  लिए  उपायुक्त नेहा सिंह  सहित सारा जिला प्रशासन दिन- रात एक किए हुए है। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर थानेसर नगर के प्रबुद्धजनों ने अपनी राय प्रकट की। 

डॉक्टर सुतेंद्र गौड़ ने बताया कि योग की शरण में जाना न केवल स्वास्थ्य के लिए आवश्यक है अपितु संपूर्ण विश्व में शांति कायम करने के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि स्वस्थ विश्व के विकास के लिए यह आवश्यक है कि मानव मात्र को योग: शरणं गच्छामि के मार्ग पर चलते हुए योग से शांति का मार्ग अपनाना चाहिए क्योंकि योग ही शांति स्थापना का एकमात्र विकल्प है।

पार्षद दुष्यंत बक्शी का कहना है कि हरियाणा सरकार ने कुरुक्षेत्र में राज्य स्तरीय योग दिवस मनाकर कुरुक्षेत्र को विश्व स्तरीय पहचान दिलाने में एक और मील का पत्थर जोड़ दिया है। उन्होंने कहा कि यह प्रत्येक नगर वासी के लिए गर्व का विषय है।   

मुल्तानी सभा के प्रधान प्रदीप झांब का कहना है कि कुरुक्षेत्र की पहचान गीता के कारण तो है ही,अब हरियाणा सरकार ने भी एक ही स्थान पर एक लाख से अधिक लोगों को योग से जोड़कर कुरुक्षेत्र को नई पहचान दिलाने का काम किया है। इस योग दिवस को लेकर नगर के लोगों में भारी उत्साह है।

डॉक्टर अनीश सिंगला ने कहा कि  यदि प्रत्येक नागरिक अपनी दिनचर्या में योग को शामिल कर ले तो उसका सारा जीवन स्वस्थ रहेगा और उसमें हर समय ऊर्जा बनी रहेगी। उन्होंने कहा कि संपूर्ण विश्व को योग भारत की ही देन है।

भारतीय जनता पार्टी के व्यापार प्रकोष्ठ के जिला संयोजक संजीव सीकरी ने कहा कि माननीय नरेंद्र मोदी के प्रयासों से 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया  है। योग अपनाने से जीवन निरोगी रहता है और मन में हर पल सकारात्मक विचार आते रहते हैं। 

उद्योगपति  अश्विनी जैन ने कहा कि जीवन में सफलता के लिए योग का मार्ग अपनाना चाहिए क्योंकि योगी मनुष्य का शरीर और मन दोनों स्वस्थ रहते हैं। जीवन में सफलता के लिए तन व मन दोनों का स्वस्थ होना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र में योग के महा कुंभ का आयोजन होना सभी नगर वासियों के लिए गर्व का विषय है।