CURATED BY – SUNIL YADAV | CITYCHIEFNEWS

कटनी, कटनी जिले के रीठी थाने क्षेत्र में हुई पत्थर पटकर हुई हत्या को कटनी पुलिस ने पर्दाफास करते हुए 72 घंटों में खुलासा कर दिया है। यह हत्या मामूली विवाद झगड़े के चलते मृतक को उसके ससुर और साले ने पत्थर पटकर हत्या कर दी थी।
कटनी जिले एसपी अभीजित रंजन ने बताया कि हनुमान तलैया कचरा घर के पास में अज्ञात मृतक का शव मिलने की सूचना पर तस्दीक हेतु थाना प्रभारी रीठी तुरंत हमराह स्टाफ लेकर मौके पर पहुंचकर घटना की तफ्तीश शुरु की, जहाँ मृतक का शव कचरा घर की दीवाल से सटकर पडा मिला जो प्रथम दृष्ट्या मृतक को किसी अज्ञात द्वारा भारी पत्थर सिर पर पटककर हत्या करना पाया गया। मृतक के पास ही खून स सना पत्थर भी पड़ा मिला। मृतक की पहचान हेतु सोशल मीडिया एवं पुलिस के कर्मचारी स्वंय जाकर आसपास के गाँव, मोहल्लो में पता किया गया इसी दौरान सिघईया मोहल्ला करिया पाथर निवासी पूरन भूमिया भी अन्य लोगो के साथ मौके पर परिजनो सहित आया और मृतक की पहचान अपने दामाद सुरेंद्र भुमिया उम्र 35 साल निवासी ग्राम जिजनौडी थाना विजयराघवगढ़ जिला कटनी के रुप मे किया, जो 13 तारिख को अपने ससुराल सिंघईया टोला में अपनी पत्नि एवं बच्चों सहित रीठी का दशहरा, रामलीला, राई का कार्यक्रम देखने आया था। मृतक की पहचान होने पर मृतक के ससुर पूरन भुमिया पिता सुकरू भुमिया उम्र 55 साल निवासी सिंघड्या करियापाथर रीठी की रिपोर्ट पर मौके से मर्ग कायम कर एफ.एस.एल., स्नाईफर डॉग एवं फिगर प्रिंट टीमे मौके पर ही बुलवाई गई, घटना स्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया एवं उनकी उपस्थिति मे शव पंचनामा कार्यवाही बाद पीएम० करावाया गया जिसमे डॉ. ने मृतक के सिर में आई संघातिक चोट से मृत्यु होना बताया गया। रीठी पुलिस ने अज्ञात आरोपी के विरूद्ध मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया। मामले की विवेचना दौरन मृतक के ससुर पूरन भूमिया एवं साला सुनील भूमिया जो की मृतक का शव पहचानने के समय से ही दोनो का कार्य व्यवहार असामान्य एवं संदेहास्पद था। जिन्हे टीम द्वारा संदेह के आधार पर कब्जे में लेकर गहनता से पूछताछ की गई जो पूछताछ पर शुरु से ही पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किये किन्तु तथ्यो एवं परिस्थितियो के आधार पर सघन पूछताछ की गई, जिस पर उक्त दोनो पिता पुत्र द्वारा बताया कि घटना 13-14 अक्टूबर 2024 की दरम्यानी रात को इनके घर में शराब एवं मुर्गा की दावत घर में रखी गई जिसमे अन्य कई रिस्तेदार भी सुनील के घर में मौजूद थे, खना खाने के दौरान ही मृतक सुरेन्द्र भुमिया और इकलौते साले सुनील भुमिया के बीच किसी बात को लेकर बाद विवाद मारपीट हो गई थी जिसमे सुरेन्द्र भूगिया ने सुनील को गाली गालियों कई बार दिया सुनील ने काफी बेइज्जती महसूस किया व मृतक सुरेन्द्र की हत्या करने की योजना अपने पिता पूरन भूमिया के साथ बना लिया, योजनानुसार तीनो रात्रि करीब 2 बजे दशहरा जुलुस व रामलीला देखने के बहाने दोबारा रीठी बाजार आये, उसी दौरान दोनो साले व ससुर ने सुरेन्द्र को निर्जन एवं अंधेरे स्थान हनुमान तलैया के पास स्थित कचरा घर के पीछे ले गये जहाँ मौका पाकर सुनील ने पास में ही पड़े भारी पत्थर को उठाकर दो बार मृतक सुरेन्द्र के सिर में पटक दिया, जिससे मौके पर ही सुरेन्द्र की मृत्यु हो गई। जिसकी तस्दीक करने पश्चात आरोपियो को हिरासत में लेकर पूछताछ के दौरान उन्होने उक्त घटना करना स्वीकार किये व वक्त घटना पहने हुये रक्त रंजित अपने कपडे मेमोरेण्डम पर घर से जप्त करवाये गये।