ग्राम बठिया में हुई जनसुनवाई में ग्रामीण व सरपंच खदान संचालित को लेकर किया जमकर विरोध
डिप्टी कलेक्टर तथा जिला प्रदूषण अधिकारी जेपी झा सतना के द्वारा मीडिया के समक्ष सभी बिंदुओं पर गहन विचार करते हुए जांच करवा कर उचित कार्यवाही करने का आश्वासन दिया गया
CURATED BY – UMESH KUSHWAHA | CITYCHIEFNEWS
मैहर, मामला मध्य प्रदेश के मैहर जिले का है जहां पर ग्रामीण तथा सरपंच के द्वारा ग्राम बठिया गांव में कई माइंस उत्खनन खदानें कई वर्षों पूर्व से संचालित हैं जिससे ब्लास्टिंग कर नीचे के पत्थर को तोड़ा जाता है जिससे भारी ब्लास्टिंग के कारण खदानों के पास से लगे हुए सभी ग्राम वासियों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है ब्लास्टिंग के कारण ग्राम वासियों के घर छतिग्रस्त हो ही रहे हैं साथ ही क्रेशर से निकलने वाले डस्ट धूल के चारों तरफ प्रचुर मात्रा में उड़ने से तथा अत्यधिक प्रदूषित वातावरण के कारण ग्राम वासियों का जीना अत्यधिक दूभर व मुश्किल हो रहा है।ग्राम बठिया में अभिमन्यु सिंह मैहर की तीन खदानें पूर्व से संचालित हैं तथा अभिमन्यु के द्वारा अपने निजी लाभ के लिए चौथी माइंस खदान संचालित करने हेतु पूरी ताकत तथा दाव पेंच लगाकर जोरशोर से लगे हुए हैं। जिसको लेकर ग्रामीणों तथा सरपंच सहित सामूहिक सभी में भारी आक्रोश व्याप्त है एवं इसका पूरी तरह से विरोध किया जा रहा है। सामूहिक तौर से और शासन प्रशासन से गुहार लगा कर अपनी मांग कर रहे हैं कि यहां माइंस संचालित अब ना हो इसे शीघ्र बंद किया जाए। ग्राम बठिया में हुई जनसुनवाई को खदान मालिक अभिमन्यु सिंह की राजनीतिक चाल बताते हुए सभी ग्रामवासीयों एवं सरपंच की ओर से कहा गया कि हमें जनसुनवाई से संबंधित पूर्व में कोई सूचना या किसी तरह की जानकारी नहीं दी गई। फिर भी शासन प्रशासन के नियमों का सम्मान करते हुए ग्रामीण एवं सरपंच के द्वारा यह जनसुनवाई केंद्र में डिप्टी कलेक्टर मैहर शैलेंद्र सिंह तथा जिला प्रदूषण अधिकारी सतना जेपी झा के समक्ष अपने सभी बिंदुओं तथा अभिलेखों को रखकर स्पष्ट रूप से प्रस्तुत कर गहन जांच न्याय उचित कार्यवाही हेतु निवेदन कर कि खदान के विषय में उचित कार्यवाही एवं गहन जांच करवाने के लिए हमारे द्वारा शासन को लिखित पत्र के माध्यम से कार्यवाही की गई है। जिसमें शासन द्वारा खदान संबंधी आवश्यक सभी शर्तें पूरी न होने की स्थिति में खदान संचालन बंद किए जाने का निर्णय आदेश भी हमारे पास उपलब्ध हैं। जिनको पुनः जनसुनवाई में उपस्थित मैहर डिप्टी कलेक्टर शैलेंद्र सिंह तथा जिला सतना प्रदूषण प्रभारी जेपी झा को प्राप्त अभिलेख से अवगत करा कर उचित कार्यवाही करने की मांग की गई। जिस विषय में डिप्टी कलेक्टर तथा जिला प्रदूषण अधिकारी जेपी झा सतना के द्वारा मीडिया के समक्ष सभी बिंदुओं पर गहन विचार करते हुए जांच करवा कर उचित कार्यवाही करने का आश्वासन दिया गया।
तथा वही मौके पर जाकर खदान स्थल का निरीक्षण किया गया और पाया गया कि लगभग 80 फीट गहरी खदानें खुदी हुई है जिन पर पानी भरा हुआ है। यह वही खदानें हैं जिनपर बेचारे गरीब असहाय बोध मजदूर आदिवासियों कुछ किशोर बच्चों की पानी में डूबने से दर्दनाक मौत भी हो चुकी है। इसी कारण से सभी ग्रामवासी गरीब व्यक्ति एवं सरपंच खदान संचालन का पुरजोर विरोध कर रहे हैं एवं सभी लोगों में काफी आक्रोश भी व्याप्त है।
अब देखना यह होगा कि जनसुनवाई के दौरान मैहर कलेक्टर एवं जिला प्रदूषण अधिकारी के द्वारा दिए गए आश्वासन पर सरपंच सहित बठिया के गरीब आदिवासियों के बच्चों के खो जाने की दुख भारी आवाज तथा उड़ रही धूल के प्रदूषण से दमघुट रही भरी जिंदगी आदि की आवाज अथवा मांग पर शासन प्रशासन से उचित परिणाम एवं न्याय क्या मिलता है? क्या इनकी मांगे स्वीकार होगी या नहीं?
या खदान संचालक अभिमन्यु सिंह के द्वारा लगाए जा रहा है दांव-पेंच सफल होते हैं!