अमेरिका में हुई अहम डील, GE एयरोस्पेस और HAL के बीच करार
पीएम मोदी और बाइडेन करेंगे शिखर वार्ता
वाशिंगटन, अमेरिकी कंपनी जीई एयरो स्पेस और हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) के बीच करार हो गया है. अब जीई एयरोस्पेस और एचएएल मिलकर भारतीय वायुसेना के लिए लड़ाकू जेट इंजन बनाएगा. यह अति महत्वपूर्ण डील ऐसे समय हुई है जब भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमेरिका की राजकीय यात्रा पर हैं. इस अहम डील से दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग को बढ़ावा मिलेगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच ऐतिहासिक शिखर वार्ता होगी.
जीई के अध्यक्ष और सीईओ एच लॉरेंस कल्प जूनियर ने कहा है कि यह भारत और एचएएल के साथ हमारी लंबी साझेदारी से संभव हुआ है. यह करार भारतीय वायुसेना के हल्के लड़ाकू जेट MK2 प्रोग्राम का हिस्सा है. भारतीय वायुसेना के LCA MK-ll के लिए F- 414 जेट इंजन अब भारत में ही बनेंगे. अपने देसी लड़ाकू विमान तेजस के नए अवतार के लिये हिंदुस्तान एरोनेटिक्स लिमिटेड को ताकतवर इंजन की जरुरत थी.
भारतीय वायुसेना में शामिल तेजस के वेरिएंट में लगा है अमेरिकी इंजन
LCA मार्क 2 के लिए ताकतवर इंजन की जरुरत थी. अमेरिकी कंपनी जनरल इलेक्ट्रिक जेट इंजन की 80 फीसदी तकनीक का ट्रांसफ़र एचएचएल को करेगी. अभी तक भारतीय वायुसेना में शामिल तेजस के वेरिएंट में अमेरिकी जीई का ही कम शक्ति का इंजन F 404 लगा है. अमेरिका भी अपने लड़ाकू विमानों में इसी इंजन का इस्तेमाल करता है.
समझौते के अनुसार कुल 99 इंजन बनाए जाएंगे
GE ने एक प्रेस विज्ञप्ति में इसकी जानकारी दी. समझौते के तहत दोनों मिलकर LCA मार्क 2 के लिए कुल 99 इंजन बनाएगी. भारतीय वायुसेना तक़रीब 120 के क़रीब LCA MK-2 जेट लेने है. इसके अलावा पाँचवी पीढ़ी के विमान AMCA – MK-1 में भी ये इंजन लगाया जाना है जिसका काम अभी जारी है. LCA MK-2 सिंगल इंजन है तो AMCA MK-2 के प्रोग्राम के प्रोटोटाइप के लिए GE एयरोस्पेस काम करेगा जो ट्विन इंजन एयरक्रफ्ट होगा.
जीई एयरोस्पेस भारत सरकार से गठजोड़ जारी रखेगा
यह समझौता महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि भारत अभी तक रूस और यूरोपीय गठजोड़ से सैन्य जेट प्राप्त करता रहा है. हाल में भारत ने फ्रांसिसी लड़ाकू विमान निर्माता देसां से भारतीय वायु सेना के लिए राफेल लड़ाकू विमान खरीदा था. वहीं, जीई एयरोस्पेस उन्नत मध्यम श्रेणी के लड़ाकू विमान (एएमसीए) के एमके2 इंजन कार्यक्रम के लिए भारत सरकार से गठजोड़ जारी रखेगा.
यह समझौता दोनों देशों को आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा देगा
अमेरिकी कंपनी ने कहा, ‘हमें दोनों देशों के बीच करीबी समन्वय के दृष्टिकोण के आगे बढ़ाने में बाइडेन और मोदी द्वारा भूमिका निभाने पर गर्व है. हमारा एम414 इंजन अतुलनीय है और यह दोनों देशों के लिए महत्वपूर्ण आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा लाभ प्रदान करेगा क्योंकि हम अपने उपभोक्ताओं के वास्ते उनकी सैन्य जरूरतों को पूरा करने के लिए उच्च गुणवत्ता का इंजन तैयार करते हैं.’