छत्तरपुर के हरपालपुर में काकुनपुरा चौकी प्रभारी के सरंक्षण में चल रहा चपरन में अवैध उत्खनन
चौकी प्रभारी की लापरवाही के चौकी क्षेत्र में बढ़ रहे अपराध
Curated by – RAHUL RAIKWAR | CITYCHIEFNEWS
हरपालपुर, काकुनपुरा चौकी क्षेत्र में रेत के अवैध उत्खनन का कारोबार बेखौफ होकर रेत माफिया कर रहे हैं। पुलिस, खनिज विभाग की पकड़ से दूर सरकारी जमीन और अवैध उत्खनन कर रात के अंधेरे में रेत निकालकर कमाई करने में जुटे हुए हैं। हैरानी की बात तो यह है कि अब तक हुई कार्रवाई में राजस्व पुलिस प्रशासन रेत माफियों को ही पकड़ने के बजाय सिर्फ अवैध खनन से खदान कितनी गहरी हो गई ये नाप कर सके।
सूत्रों ने बतलाया कि चपरन सरसेड़ में होने वाले रेत के अवैध खनन से चौकी प्रभारी द्वारा 3000 हज़ार रुपया प्रति टेक्टर वसूला जाता हैं।
इस अवैध कारोबार के सरगना तक पुलिस प्रशासन नहीं पहुंच पाया है। वहीं खनिज विभाग भी जिले की अलीपुरा टीला में धसान नदी अवैध खनन से निकल रही अवैध रेत को रोकने में असफल दिखाई दे रहा है। पनडुब्बी के जरिए बेखौफ होकर दिन रात रेत निकाली जा रही है। रेत के अवैध परिवहन को ना तो टीलाघाट ना ही अलीपुरा थाना पुलिस रोकने में सफल हो रही है। इसके चलते अवैध रेत के कारोबार में शामिल लोगों के हौसले बुलंद हैं।
नियमों को ताक में रखकर चल रहा चपरन में सरकारी जमीन से अवैध खनन
हरपालपुर थाना क्षेत्र के अंतगर्त काकुनपुरा चौकी प्रभारी के संरक्षण में नियमों को ताक में रखकर चपरन सरसेड़ से अवैध खनन कर रेत निकाली जा रही रेत जो दिन रात ट्रैक्टर ट्रॉली से हरपालपुर में परिवहन की जा रही हैं। सुबह से रात तक कई चक्कर ट्रेक्टर वाहन रेत का परिवहन करने में लगे हुए हैं। ट्रेक्टर ड्राइवरों की माने तो चौकी पुलिस को 3000 हज़ार रुपया इंट्री दी जाती हैं। कलेक्टर ने जिले की सभी रेत खदानों से खनन पर प्रतिबंध लगा रखा है प्रतिबंध के बावजूद जिले में रेत के अवैध उत्खनन का कारोबार धड़लले से चल रहा है जिसे जिला प्रशासन व खनिज विभाग का अमला नहीं रोक पा रहा है। प्रशासन का कमजोर सूचना तंत्र-कहने के लिए जिला प्रशासन का मैदानी अमला हर गांव, हर पंचायत में तैनात है। लेकिन क्षेत्र में चल रहे रेत के अवैध उत्खनन की सूचनाएं खनिज विभाग, पुलिस व जिला प्रशासन तक नहीं पहुंच पातीं। जब तक जिला प्रशासन को खबर मिलती है तब तक रेत माफिया फरार होने में कामयाब हो जाते हैं। कमजोर सूचना तंत्र का फायदा उठाकर रेत का अवैध कारोबार जिले में तेजी से फल फूल रहा है।