CURATED BY – BHAGWAN DAS BERAGI | CITYCHIEFNEWS

शाजापुर, अतिथि वह शिक्षक जिसने प्रदेश की लडख़ड़ाती शिक्षा व्यवस्था को संभालने का काम किया, लेकिन आज वही अतिथि शिक्षक अपने सुरक्षित भविष्य को लेकर नियमितीकरण की मांग कर संघर्ष करने को मजबूर है। ऐसे में सरकार के द्वारा अतिथि शिक्षकों को नियमित करने हेतु कोई ठोंस कदम तो नही उठाए जा रहे हैं, बल्कि सरकार के मंत्री अतिथियों का अपमान कर रहे हैं जिसे बर्दाश्त नही किया जाएगा। यह बातें गुरुवार को अतिथि शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष आशीष शर्मा ने बस स्टैंड पर शिक्षा मंत्री के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए कही। शर्मा ने कहा कि प्रदेश के शिक्षा मंत्री ने बेतुका बयान दिया है कि क्या मेहमान हो तो घर पर कब्जा कर लोगे। मंत्री का यह बयान प्रदेश के 70 हजार अतिथि शिक्षकों का अपमान है जिसको लेकर नारेबाजी की गई है। साथ ही मंत्री को चेतावनी है कि वह अतिथि शिक्षकों से माफी मांगें अन्यथा पूरे प्रदेश में पुतला फूंका जाएगा। शर्मा ने कहा कि मेहमान एक दिन, या फिर कुछ माह के लिए आते हैं, लेकिन जो मेहमान 15 सालों से घर में रहता है वह घर पर कब्जा करता है। अतिथि शिक्षक भी वही मेहमान हैं जो 15 सालों से प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को संभाले हुए हैं और अब सरकार को सभी अतिथियों को नियमित किया जाना चाहिए। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में अतिथि शिक्षक मौजूद थे।