रेलवे माल गलियारा के लिए अधिग्रहित की गई जमीन का किसानों को मिलेगा चार गुना मुआवजा, तीन माह के आंदोलन से मिली सफलता
13 साल बाद किसानों की मुआवजे की मांग हुई पूरी
CURATED BY – GAURAV SINGHAL | CITYCHIEFNEWS
सहारनपुर, नागल थाना क्षेत्र के चार गांवों खटौली, बसेड़ा, मीरपुर और साधारणसिर के किसानों को उनकी भूमि का चार गुणा मुआवजा देने के लिए डेडीकेटेड फ्रंट कोरिडोर परियोजना के अधिकारी सहमत हो गए है।
परियोजना के सहायक प्रबंधक राकेश सिंह ने आज बताया कि वर्ष 2011 में इन चारों गांवों के किसानों की भूमि और गांव समाज की चकरोड़ का अधिग्रहण किया था। तभी से इन गांवों के किसान रेल विभाग की खाली पड़ी जमीन से होकर अपने खेतों में आ-जा रहे थे। इन गांवों के किसान मुआवजे की मांग को लेकर लगातार रेलवे के अधिकारियों से मुआवजे का भुगतान करने की मांग कर रहे थे। भारतीय किसान युनियन ने एक गुट की अगुवाई में क्षेत्रीय किसानों ने दिसंबर-2022 से फरवरी-2023 तक मीरपुर रेलवे फाटक पर धरना दिया था। उस धरने का भी कोई नतीजा हासिल नहीं हुआ था। किसान लगातार अपनी मांग के समर्थन में आंदोलनरत रहे और आखिर उन्हें अब 13 साल बाद जाकर सफलता हासिल हुई जिससे वे गदगद हैं।