नर्मदा नदी के उफान से नर्मदा किनारे के गांवों में बाढ़ की तबाही, किसानों की मांग - इन्हें तत्काल मुआवजा दिलाओ
सरदार सरोवर बांध के ओवरफ्लो में फंसे गांव: किसानों के लिए मुआवजा और सहायता की मांगें
Curated by – RAVI SHIMLE | CITYCHIEFNEWS
बड़वानी, अंजड़ नर्मदा नदी उफान पर है नर्मदा नदी के बेक वाटर ने नर्मदा किनारे बसे सेकड़ो गांव को किया जलमग्न मध्य प्रदेश में बारिश हो रही है बारिश के कारण प्रदेश के सभी जलाशय एवं तालाब बांध लबालब भरे हुए हैं लगातार बारिश के कारण मध्य प्रदेश सरकार ने बरगी तवा ओंकारेश्वर इंदिरा सागर बांधों से पानी जरूर छोड़ दिया है लेकिन सरदार सरोवर के गेट बंद होने के कारण से इतनी बड़ी बाढ़ का और बैकवॉटर का रौद्र रूप देखने को मिला ऐसी वजह से धार बड़वानी अलीराजपुर झाबुआ के नर्मदा तट के कई गांव जलमग्न हो गए हैं सरदार सरोवर बांध में अभी 142 मीटर के लगभग पानी भरा हुआ है और वर्तमान में मोहीपुरा दंतवाडा केसरपुरा गोलाटा छोटा बड़दा एवं आसपास के नर्मदा तट के सभी गांव के अंदर यही विभीषिका देखने को मिल रही है सरकार की मिस मैनेजमेंट और नाकामी के कारण इतनी बड़ी तबाही देखने को मिली है उन्होंने कहा कि जिन लोगों को 130 मीटर लेवल पर मुआवजे से बाहर कर दिया गया था सरकार आज उन्हें देखें कि उनके पूरे गांव के गांव डूब गए हैं उनके पूरे परिवार का धन सम्पदा पूरा मकान परिवार का सारा सामान बेक वाटर के पानी की भेंट चढ़ गया है हम सरकार से मांग करते हैं कि इन्हें तत्काल मुआवजा दिलाया जाए और इन्हें इनका हक तत्काल इन्हें दिलाया जाए.
आज भी बाढ़ के अंदर कई परिवार अपने घरों के अंदर कैद है और चारों ओर पानी पानी दिखाई दे रहा है लेकिन सरकार का कोई भी प्रशासनिक अमला अभी तक वहां पर नहीं पहुंचा है आम जनता का बहुत बड़ा नुकसान हुआ है कहीं ना कहीं प्रशासन की लापरवाही हुई है.
आने वाले समय में हमारी सरकार बनी तो हम आज जो डूब में आये ऐसी को मानक मानकर 142 मीटर अभी डूब में जो लोग आए हैं हम उनका सर्वे कर के उन्हें हम मुआवजा देंगे हम मध्य प्रदेश सरकार से भी मांग करते हैं कि इन डूब क्षेत्र के सभी पीड़ितों के साथ न्याय किया जाए और उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए और पुनः सर्वे कराया जाए ताकि सही स्थिति से पुनः मुआवजा वितरण की व्यवस्था की जाए किसानों की लाखों एकड़ कृषि भूमि पर खड़ी फसल नर्मदा के बेकवाटर में तबाह होगयी है उन सभी किसानों का सर्वे कराकर उनकी फसलों का मुवाज़ा शिघ्र दिया जाय वही किसान भगत सिंह सोलंकी ने कहा कि हमें अभी भी 25 परिवारों को मुआवजा नहीं मिला है और हमारे घरों में बड़ा नुकसान हुआ है करीब 250 क्विंटल गेहूं 20 क्विंटल डॉलर चना करीब 10 पशु भैंस बाढ़ की चपेट में आ गए हैं साथ ही कई संसाधन भी इसकी चपेट में आ गए हैं जिसके कारण करीब 50 लख रुपए के लगभग का नुकसान इनका हुआ है इन्होंने भी मांग करी है कि सरकार उचित मुआवजा दे सरकार ने राम मंदिर को भी नही दिया मुवाज़ा मन्दिर के पुजारी अभी भी मन्दिर में ही अपने परिवार सहित है जबकि मन्दिर के चारो ओर 15 से 20 फिट पानी है.