गुनौर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में नही रहते डॉक्टर व नर्स स्टाफ
एसडीएम ने किया निरीक्षण तो गैर हाजिर मिला अस्पताल का स्टाफ़
Curated by – NARESH VISHWAKRAMA | CITYCHIEFNEWS
पन्ना, गुनौर-भले की प्रदेश सरकार प्रदेश की जनता को स्वास्थ्य व्यवस्थाएं मुहैया कराने के लिए पानी की तरह पैसा बहा रही है।नए अस्पतालों के भवन बनवाए जा रहे है।लेकिन जब अस्पतालों में डॉक्टर व नर्स स्टाफ ही नही पहुँचेगा तो भला जनता को कैसे स्वास्थ्य व्यवस्थाएं उपलब्ध हो पाएंगी।मामला पन्ना जिले के गुनोर समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का है।जहां डॉक्टर व नर्स स्टाफ अस्पताल में नही बल्कि अपने घरों में लोगो का इलाज करने में व्यस्त रहते है।और अस्पताल में जनता इधर उधर डॉक्टर व नर्स स्टाफ की तलाश करती रहती है।अभी तक मामला सिर्फ आरोपों तक सीमित था।लेकिन यह आरोप सिद्ध तब साबित हो गए जब गुनोर एसडीएम में अस्पताल का निरीक्षण किया और अस्पताल में कोई नही मिला और न ही रजिस्टर में किसी की अटेंडेंस मिली।
जानकारी के अनुसार गुनोर एसडीएम कुशल सिंह गौतम ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गुनोर का अचानक द्वारा निरीक्षण किया।इस दौरान अस्पताल में स्टाफ मौके से नदारत मिला।न डॉक्टर मिले न ही नर्स स्टाफ मौजूद रहा।इतना ही अटेंडेंस रजिस्टर में किसी की हाजिरी भी नही लगी पाई गई।हालांकि जानाकरी लगते ही आनन फानन में डॉक्टर साहब अस्पताल पहुँच गए।वहीं एसडीएम ने इस दौरान अस्पताल के स्टाफ को आगे से इस प्रकार की लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए।
मंगलवार को सर्प के काटने से सुगरहा निवासी रजनी बाई का की मौत हो गई थी जिसके पोस्टमार्टम के लिए परिजन परेशान होते रहे । मगर दिन भर पोस्टमार्टम समय पर नहीं हो पाया । परिजनों ने परेशान होकर शिकायत एसडीएम से की । जिसपर एसडीएम ने संज्ञान लेते हुए मंगलवार शाम को मृतक के शव का पोस्टमार्टम ककरहटी के स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा कराया।
एसडीएम कौशल सिंह गौतम ने बताया कि अस्पताल में स्टाफ ना रहने और अव्यवस्थाओं को लेकर काफी शिकायतें आ रही थी जिसको लेकर आज निरीक्षण किया गया। निरीक्षण में पाया कि डॉक्टर , एएनएम, एनओ भाग्यश्री टेमरे सहित अन्य स्टाफ भी अनुपस्थित रहा।
जब हम पहुंचे तो डॉक्टर साहब भी हॉस्पिटल में नहीं थे । हमारे हॉस्पिटल में पहुंचने की जानकारी लगने के बाद वह भी मौके पर पहुँच गए। एसडीएम कुशल सिंह गौतम ने जब डॉक्टर से सवाल किया कि मंगलवार को पीएम होने में कैसे विलंब हो गया तो उन्होंने बताया कि उनके घर में स्वास्थ्य खराब होने के कारण वह अनुपस्थित रहे । एसडीएम ने डॉक्टर को फटकार लगाते हुए कहा कि अगली बार कोई भी ऐसे मामले में विलंब की स्थिति बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देशित करते हुए कहा कि भविष्य में 2 घंटे के भीतर ही पोस्टमार्टम की व्यवस्था की जाए । इसके बाद डॉ आशीष तिवारी ने स्टाफ की अनुपस्थिति को स्वीकार करते हुए कहा कि हां यह बात सही है कि हॉस्पिटल में स्टाफ मौजूद नहीं रहा ।
दरअसल कई दिनों से ग्रामीणों द्वारा गुनोर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अस्पताल प्रबंधन की लापरवाहियों की शिकायत मिल की गईथी।ग्रामीणों की शिकायतों को संज्ञान में लेकर एसडीएम ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निरीक्षण किया।