CURATED BY – BHAGWAN DAS BERAGI | CITYCHIEFNEWS

शाजापुर, जिला अस्पताल में भर्ती मरीज और उनके परिजन भीषण गर्मी में कूलर की ठंडी हवा नही मिलने से पहले ही परेशान हैं और अब उन्हे जिम्मेदारों की अनदेखी की वजह से प्यास बुझाने के लिए बूंद-बूंद पानी को भी तरसना पड़ रहा है, क्योंकि मौसम के तल्ख मिजाज के बावजूद जिला अस्पताल में पीने का गर्म पानी देने वाले वाटर कूलरों से पानी टपकना बंद हो गया है। ऐसे में परेशान मरीज और उनके परिजनों को अस्पताल से बाहर जाकर पीने के पानी का इंतजाम करना पड़ रहा है। उल्लेखनीय है कि अस्पताल के वार्डों में कूलर नही होने मरीज परेशान हैं और इस समस्या से जिम्मेदार अधिकारी भी वाकिफ हैं, लेकिन वार्डों में उन्होने कूलरों का इंतजाम नही किया है। इसी बीच जिला अस्पताल में लगे वाटर कूलरों ने बीते तीन दिनों से पानी उगलना बंद कर दिया है जिसकी वजह से मरीज और उनके परिजनों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में भर्ती मरीजों के परिजनों ने बताया कि तीन दिनों से वॉटर कूलर से पीने का पानी नही आ रहा है जिसके कारण प्यास बुझाने के लिए पानी का इंतजाम करने अस्पताल से बाहर जाना पड़ रहा है। लोगों ने शीघ्र ही पानी की व्यवस्था करने की मांग की है।
पर्याप्त पानी के बावजूद परेशानी
शाजापुर जिला अस्पताल में जलापूर्ति के लिए दो कुंए और करीब दो ट्यूबवैल हैं, जिनमें पर्याप्त मात्रा में पानी है,  लेकिन बावजूद इसके जिला अस्पताल में लोगों को पीने के पानी को भी तरसना पड़ रहा है। जिम्मेदारों की लापरवाही का आलम यह है कि अस्पताल की अलग-अलग मंजिलों पर लगे वाटर कूलरों से पानी बंद होने की उन्हे मंगलवार सुबह मीडिया के पहुंचने पर जानकारी लगी। इसके बाद जिम्मेदारों ने शीघ्र ही समस्या को दूर करने की बात कही। हालांकि समाचार लिखे जाने तक भी वॉटर कूलरों से पानी आना शुरू नही हो सका था।1