नदी में तैरते शव, टूटी हुईं सड़के और ब्रिज... ये तबाही भरा नजारा केरल के वायनाड का है. यहां भीषण लैंडस्लाइड की चपेट में करीब 200 घर आ गए. अब तक 23 लोगों की मौत की खबर है. सैकड़ों लोगों के अभी भी मलबे में फंसे होने की आशंका है. सेना मलबे में फंसे हुए लोगों को एयरलिफ्ट करने की योजना बना रही है. इसके लिए सेना के हेलिकॉप्टर वायनाड के लिए रवाना हो गए हैं. उधर, इस हादसे पर पीएम मोदी और वायनाड से सांसद रहे राहुल गांधी ने दुख जताया है. पीएम मोदी ने मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख की आर्थिक मदद का ऐलान भी किया है. 

केरल के वायनाड में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते मंगलवार को तड़के 4 घंटे में 3 बड़े लैंडस्लाइड हुए. भूस्खलन की चपेट मुंडक्कई, चूरलमाला, अट्टमाला और नूलपुझा आ गए. इन गांवों के सैकड़ों घर भूस्खलन के चलते मलबे में दब कर तबाह हो गए. अकेले चूरलमाला में 200 घरों को नुकसान पहुंचा है. 

नदी में बहते मिले 6 शव

मनोरमा न्यूज के मुताबिक, स्थानीय लोगों ने बताया कि अट्टामाला में ग्रामीणों को नदी में बहते हुए 6 शव मिले हैं. वहीं, सैकड़ों लोग अभी भी लापता हैं. भूस्खलन से सबसे ज्यादा प्रभावित चूरलमाला हुआ है. यहां घरों के बाहर खड़े वाहन, दुकानें और घर भूस्खलन की चपेट में आ गए. 

केरल स्टेट डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी KSDMA ने बताया कि फायर फोर्स और एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया गया है. इसके अलावा एनडीआरएफ की और टीमें भी वायनाड पहुंच रही हैं. इसके अलावा रेस्क्यू में मदद के लिए कन्नूर डिफेंस सिक्योरिटी कॉर्प्स को भी वायनाड जाने का आदेश दिया गया है. हालांकि, भारी बारिश के चलते रेस्क्यू अभियान भी ठीक से नहीं चल पा रहा है. 

'स्थिति पर बारीकी से नजर रख रहा है PMO'

केंद्रीय मत्स्य पालन राज्य मंत्री जॉर्ज कुरियन ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यालय (पीएमओ) ने दक्षिण भारत में भारतीय वायु सेना, नौसेना और सेना स्टेशनों को वायनाड में बचाव और राहत कार्यों में मदद करने का आदेश दिया. उन्होंने बताया कि पीएमओ ने स्थिति पर करीब से नजर रखी है और वह राज्य सरकार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है. उन्होंने कहा, केंद्र और राज्य दोनों सरकारें वायनाड के लोगों को राहत पहुंचाने के लिए मिलकर काम कर रही है.