छतरपुर, भक्ति गायका शिवरंजनी तिवारी छतरपुर के सागर रोड से अपने काफिले के साथ मौन व्रत करके बागेश्वर धाम धार्मिक तीर्थ स्थल पर प्रस्थान कर बागेश्वर धाम पर जल चढ़ाकर ही खोलेंगे अपना मौन व्रत।

बागेश्वर धाम के दर्शन करने के बाद शिवरंजनी तिवारी रात में छतरपुर से  अनजान जगह गई. आमजन के मुताबिक वह शहर से कहीं और चली गयी.

दर्शन कर के लौटने के बाद शिवरंजनी तिवारी मीडिया से रूबरू ना होने पर मीडिया के सवालों से बचते नजर आए शिवरंजनी के पिता बैजनाथ तिवारी दिनभर मीडिया को बुलाकर बेवकूफ बनाने वाली कहानी अन्य घटनाक्रम पर माफी मांगते नजर आए और शहर छोड़ते वक्त एक मोबाइल कैमरे के सामने आते ही माफी मांगते नजर आए. शिवरंजनी तिवारी ने आखिर 4 घंटे में 30 किलोमीटर का सफर पैदल कैसे पूरा किया रास्ते में पत्रकारों ने पकड़ा तो पता चला की बीच के 15 किलोमीटर की यात्रा कार में बैठकर पूरी की।