जितने लंबित प्रकरण है, उनका समय-सीमा में अगले 45 दिन के अंदर निराकरण किया जाये-कलेक्टर
राजस्व महाअभियान चरण 02 के तहत राजस्व अधिकारियों को दिये दिशा निर्देश
CURATED BY – DHEERAJ KUMAR AHIRWAL | CITYCHIEFNEWS
दमोह, प्रदेश के मुख्यमंत्री ने 18 जुलाई से 30 अगस्त तक 45 दिन का राजस्व महाअभियान चरण 2 लांच किया है, राजस्व से संबंधित जितनी भी शिकायतें, समस्याएं हैं और जितने लंबित प्रकरण है, उनका समय सीमाओं में अगले 45 दिन के अंदर निराकरण किया जाये। यह हमारे लिए सर्वोच्च प्राथमिकता का अभियान है। इसमे चाहे स्वामित्व, पीएम किसान, नक्शा तरमीन, खसरे आधार और समग्र की लिंकिंग, ई-केवाईसी, अविवादित नामांतरण, अविवादित बटवारा इन सभी तरह के प्रकरणों का निराकरण किया जाये। अभियान के तहत कल पथरिया, आज हटा और बटियागढ़ में समीक्षा कर रहे हैं। यह बात कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने आज जिले के बटियागढ़ ब्लाक के जनपद पंचायत कार्यालय में आयोजित राजस्व महाअभियान चरण 2 के तहत आयोजित राजस्व अधिकारियों की बैठक में कही। इसके पूर्व कलेक्टर ने हटा में राजस्व महाअभियान चरण 2 के तहत राजस्व अधिकारियों की बैठक ली।
कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर ने बैठक के दौरान कहा यह उनके लिए सबसे ज्यादा प्राथमिकता का अभियान है, यह मौका है हमारे लिए कि हम बहुत बेहतर तरीके से काम करके दिखाएं और हमको इसमें पहले दिन से सक्रिय होना चाहिये। अभियान का मुख्य उद्देश्य यही है कि पहले दिन से हम इस काम में लग जाए और एक टीम की तरह इसमें काम करें, यहां पर हमारे महकमे का टीम वर्क दिखना चाहिए कि हम दूसरो का काम भी बहुत अच्छा कर सकते हैं। लेकिन कुछ बातों पर ध्यान देना जरूरी है, तीन-चार दिन के बाद से निरीक्षण शुरू होंगे। किसानों को अवगत करायें, लोकसेवा केंद्र और क्योस्क में जाकर के अपना पंजीकरण वगैरह करायें, क्योंकि सेंटर को भी काफी इंसेंटिव दिए गए हैं, 18 रुपए प्रति पंजीकरण उसका इंसेंटिव है।
कलेक्टर ने कहा पूरी टीम के साथ एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार, आरआई, पटवारी इन सभी के साथ बैठक की गई हैं, छोटी-छोटी चीजों पर चर्चा कर रहे हैं ताकि कोई भी इसमें कमी ना रहे और जो अभियान के कंपोनेंट है जिसमें स्वामित्व योजना, पीएम किसान, अविवादित नामांतरण और बटवारा, ई-केवाईसी, नक्शों में तरमीम, अभिलेख दुरूस्ती, रिकॉर्ड्स सुधार, सीएम हेल्पलाइन और डिजिटल क्रॉप सर्वे आदि सारी चीजों के ऊपर अगले 45 दिन हम एक टीम के रूप में काम करेंगे और जनता के जितने लंबित प्रकरण है, लंबित समस्याएं है जो 30 जून 2024 की स्थिति में है, उनका निराकरण किया जायेगा। यह सर्वोच्च प्राथमिकता और सबसे बड़ा फोकस का कार्यक्रम है। अभी हमारा तहसीलों का निरीक्षण शुरू होगा, उसमें सबसे पहले एस.डी.एम., फिर ए.डी.एम. फिर कलेक्टर, फिर कमिश्नर, फिर अपर आयुक्त और फिर आयुक्त सभी के निरीक्षण लगातार संभावित होंगे, जिनकी तिथियां वगैरह भी फाइनल हो गई है। एक-एक तहसील का निरीक्षण कलेक्टर और एसडीएम के द्वारा किया जाएगा। शत-प्रतिशत तहसीलों का निरीक्षण किया जाएगा, ताकि एक भी प्रकरण ऐसा ना हो जो चिन्हित प्रकरणों की श्रेणियां में लंबित पड़ा हो। सभी प्रकरणों का समय-सीमा में निपटारा हो सकें, आज इसी के सिलसिले में हमारी यह पूरी बैठक थी। कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों से चर्चा करते हुये कहा अभियान में कहीं कोई समस्या हो तो अवगत करायें।
इस अवसर पर हटा एसडीएम राकेश मसराम, बटियागढ़ एसडीएम निकेत चौरसिया सहित तहसीलदार, नायब तहसील और पटवारीगण मौजूद थे