पहलगाम आतंकी हमले में अपनी जान गंवाने वाले लोगों में महाराष्ट्र के पर्यटक भी शामिल हैं। महाराष्ट्र में ठाणे के जिला सूचना अधिकारी के अनुसार, हमले में मारे गए पांच लोगों में से तीन ठाणे के डोंबिवली इलाके के रहने वाले हैं। मृतकों की पहचान हेमंत जोशी, संजय लेले और अतुल मोने के रूप में हुई है। मोने भारतीय रेलवे में सीनियर सेक्शन इंजीनियर थे। इसके अलावा, महाराष्ट्र के संतोष जगदाले और कौस्तुभ गणबोटे को भी मृत घोषित कर दिया गया है। आतंकी हमले के बाद श्रीनगर जिला मुख्यालय में पर्यटकों के लिए शुरू किए गए 24x7 हेल्प डेस्क-आपातकालीन नियंत्रण कक्ष के अधिकारियों ने भी दोनों की मौत की पुष्टि की। एक अधिकारी ने बताया कि आतंकवादी हमले में नागपुर की महिला के पैर की हड्डी टूटने की खबर है।

पर्यटकों के लिए विशेष उड़ान की व्यवस्था करने की अपील
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंद ने केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू से जम्मू-कश्मीर में फंसे राज्य के पर्यटकों को निकालने के लिए विशेष उड़ान की व्यवस्था करने का अनुरोध किया है। शिंदे की अपील पर नायडू ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने शिंदे को आश्वासन दिया कि एक बार जब फंसे हुए लोगों की सूची मंत्रालय के साथ साझा कर दी जाएगी, तो उन्हें प्राथमिकता के आधार पर मुंबई पहुंचाने के प्रयास शुरू किए जाएंगे।

कब और कहां हुई आतंकी वारदात, जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री क्या बोले
जम्मू-कश्मीर के पहलगाम शहर के निकट ‘मिनी स्विटरलैंड’ नाम से मशहूर पर्यटन स्थल पर मंगलवार दोपहर हुए आतंकवादी हमले में 26 लोगों की मौत हो गई, जिनमें ज्यादातर पर्यटक हैं। यह 2019 में पुलवामा में हुए हमले के बाद घाटी में हुआ सबसे घातक हमला है। एक उच्च पदस्थ अधिकारी ने बताया कि 26 मृतकों में दो विदेशी और दो स्थानीय निवासी हैं। जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने इस आतंकी हमले को 'हाल के वर्षों में आम लोगों पर हुए किसी भी हमले से कहीं बड़ा' हमला बताया। अधिकारियों ने बताया कि यह हमला ऐसे समय हुआ है जब अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस भारत की यात्रा पर हैं। इसी समय जम्मू-कश्मीर में पर्यटन और ट्रैकिंग का मौसम जोर पकड़ रहा है।

परिवार छुट्टियां मनाने गया था, आतंकियों ने पिता-चाचा पर बरसाईं गोलियां

आतंकी वारदात के बाद अधिकारियों ने बताया कि दोनों मृतक पांच सदस्यीय दल का हिस्सा थे। इसमें जगदाले, उनकी पत्नी प्रगति, बेटी असावरी, गणबोटे और संगीता गणबोटे शामिल थे। मंगलवार को ही पहलगाम पहुंचे इन लोगों पर आतंकी हमला हो गया। संतोष जगदाले की बेटी असावरी ने बताया कि उनके पिता और चाचा को आतंकवादियों ने गोली मार दी।

दहशतगर्दों ने बेटी के सामने पिता को तीन गोलियां मारी

असावरी ने बताया कि घटनास्थल पर कई पर्यटक थे, लेकिन आतंकवादियों ने विशेष रूप से पुरुषों को निशाना बनाया। उनसे पूछा कि वे हिंदू हैं या मुसलमान। आतंकी हमले में अपने पिता को खोने के बाद बदहवास असावरी ने बताया, हमलावरों ने उनके पिता से शायद कलमा (इस्लामिक आयत) सुनाने को कहा। वे नहीं सुना सके। आतंकियों ने उन्हें सिर, कान के पीछे और पीठ में तीन गोलियां मारीं। गोलीबारी शुरू होने के बाद अन्य पर्यटकों के साथ भाग कर किसी तरह जान बचाई। बाद में भारतीय सेना मौके पर पहुंची और उन्हें सुरक्षित स्थान पर ले गए।